खेल एवं युवा कल्याण मंत्रालय द्वारा आयोजित युवा संवाद में पुलिस अधीक्षक त्रिलोक बंसल हुए सम्मिलित, वेबीनार के माध्यम से युवाओं को किया जागरूक, साइबर फ्रॉड से बचने के तरीकों से अवगत कराया, प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के दिए टिप्स…
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। युवा कल्याण एवं खेल मंत्रालय के द्वारा आयोजित स्वामी विवेकानंद के जन्म जयंती के अवसर ऑनलाइन वेबीनार आयोजन किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ पुलिस अधीक्षक त्रिलोक बंसल के जीवन पर आधारित डॉक्यूमेंट्री फिल्म दिखा कर प्रारंभ किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक त्रिलोक बंसल गौरेला पेंड्रा मरवाही रहे, कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रोफेसर आलोक शोत्रिय एकेडमी डायरेक्टर फैकेल्टी आफ डीन IGNTU ने की।
नेहरू युवा टीम संगठन गौरेला पेंड्रा मरवाही बिलासपुर नेहरू युवा केंद्र सरगुजा के तत्वाधान में आयोजित किया गया युवा संवाद में संबोधित करते हुए त्रिलोक बंसल ने युवाओं का भारत कैसा हो पर युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस देश के युवा जैसे होंगे वैसा ही भारत होगा , इसके बाद उन्होंने पुलिस प्रशासन के कार्यों में युवाओं की सहभागिता विषय पर युवाओं को सम्बोधित करते हुए महत्वपूर्ण चर्चा की और उन्होंने कहा कि कैसे छोटे छोटे अपराधों को रोकते हुए,प्रशासन के नियमों का पालन करने से भी आप पुलिस प्रशासन की प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से सहयोगी बन सकते हैं।
श्री त्रिलोक बंसल ने साइबर क्राइम के बारे में व्यापक रूप से जानकारी देते हुए युवाओं को साइबर क्राइम के दुष्चक्र से कैसे बचें, सोशल मीडिया बैंक फ्रॉड आदि महत्वपूर्ण विषयों पर युवाओं को संबोधित किया, साइबर क्राइम की चुनौतियां एवं उसके सुरक्षा के उपाय एवं जन जागरूकता पर व्यापक प्रकाश डालते हुए , युवाओं को व्यापक जानकारी दी। एसपी श्री बंसल ने स्वामी विवेकानंद जी के जीवनी एवं उनके आदर्श वाक्य के माध्यम से युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा, स्वामी विवेकानंद जी कहते थे कि आपकी स्ट्रैंथ ही आपकी ताकत है और आपकी विक्नेस सबसे बड़ी कमजोरी हैं।
युवा सामर्थ के साथ-साथ उसमें जोश भी है और होश भी है युवा में वह शक्ति होती है कि समाज की कुरीतियों को बदल सकता है एंव एक बड़ा बदलाव ला सकता है । आप जैसा सोचेंगे वैसा ही बन जाएंगे साथ ही सिविल सर्विस की तैयारी कर रहे हैं कई विद्यार्थियों ने भी बंसल सर से मार्गदर्शन प्राप्त किया। सर ने समय का प्रबंधन करते हुए, सिलेबस का अवलोकन और क्या पढ़े क्या छोड़ें इन विषय को अच्छे से समझते हुए भी प्रतिभागी तैयारी करते हुए अच्छे परिणाम ला सकते हैं।
वही कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रोफेसर आलोक श्रोत्रिय ने स्वामी विवेकानंद के आदर्शों एवं उनके जीवन मूल्यों से युवाओं कैसे सीख ले सकते हैं और उनके आदर्श पर अपने वक्तव्य रखें उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद जी जैसे महापुरुषों का इस भारत धरा पर ही संभव है शिकागो पर जाकर स्वामी जी ने भारतीय संस्कृति एवं संपदा का परचम लहराया, साथ ही उन्होंने कहा कि युवा समय का प्रबंधन और योग प्राणायाम के माध्यम से अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं। जल संरक्षण के विषय पर अपने व्यापक बातें राखी और छात्रों को संबोधित करते हुए कहा की
छत्तीसगढ़ माटी के गौरव त्रिलोक बंसल वर्तमान एसपी गौरेला पेंड्रा मरवाही युवाओं के प्रेरणा स्रोत हैं आप सभी युवा उनके संघर्ष से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ सकते हैं छत्तीसगढ़ से यू पी एस सी के एग्जाम टॉप करने वाले श्री बंसल ने एक कीर्तिमान स्थापित किया है। प्रोफेसर आलोक श्रोत्रिय सर ने युवाओं से कहा की युवा एसपी बंसल जी युवाओं के विकास और परिवर्तन के लिए कटिबद्ध हैं और लगातार उन्हें प्रेरित कर रहे हैं। साइबरसिक्योरिटी जैसे विषयों पर एवं साइबरक्राइम आदि विषयों पर उनके द्वारा चलाए जा रहे हैं मुहिम को भूरी भूरी प्रशंसा की।
सृष्टि अग्रवाल रावेन्द्र शुक्ला ने कार्यक्रम का संचालन किया। आयोजक रहे राहुल सैनी युवा खेल अधिकारी अनिरुद्ध राघवेंद्र शुक्ला ने आयोजन को संपन्न किया और अंत में कुंज बिहारी तिवारी ने आभार व्यक्त कर कार्यक्रम की संभावना की घोषणा की कार्यक्रम में युवाओ ने बढ चढ़ कर भाग लिया और उत्साहित भी हुए।












