आज फरवरी माह का आखिरी दिन है और मार्च महीने की शुरुआत के साथ ही कई नियम बदल जाते हैं, जिनका सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ता है। इस बार भी 1 मार्च 2025 से कुछ अहम बदलाव होने वाले हैं जो बैंक एफडी गैस सिलेंडर की कीमत और ईधन दरों से जुड़े हुए हैं। आइए जानते हैं कि यह बदलाव क्या है और आपको इनसे कैसे फायदा या नुकसान हो सकता है…
नईदिल्ली (ए)। अगर आप अपनी बचत को सुरक्षित रखने के लिए फिक्स्ड डिपॉजिट यानी कि एफडी में निवेश करते हैं तो यह खबर आपके लिए जरूरी है। मार्च 2025 से बैंकों द्वारा एफडी की ब्याज दरों में बदलाव किया जा सकता है। बैंक अपनी वित्तीय जरूरत और बाजार की स्थितियों के आधार पर ब्याज दरों को कम या ज्यादा कर सकते हैं। खासकर वे लोग जिन्होंने 5 साल या उससे कम अवधि की एफडी कराई है उन्हें नई दरों का प्रभाव झेलना पड़ सकता है।
एफडी में निवेश के नए नियम
अगला बदलाव टैक्स और निकासी के नए नियम से जुड़ा हुआ है कुछ बैंकों ने एफडी पर टैक्स कटौती और निकासी से जुड़ी शर्तों में बदलाव किए हैं जल्द ही बैंक शर्तें जारी कर सकते हैं इसलिए अगर आप एफडी में निवेश करने की सोच रहे हैं तो नए नियमों को जरूर समझ लें।
एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में बदलाव संभव
इसके बाद सबसे बड़ा बदलाव एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में देखने को मिल सकता है। हर महीने की पहली तारीख को सरकारी तेल कंपनियां एलपीजी गैस सिलेंडरों की कीमतों की समीक्षा करती हैं। 1 मार्च 2025 को क्या होगा सुबह 6:00 बजे नए दाम लागू किए जाएंगे। घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडर दोनों की कीमतें बदल सकती हैं। यदि कीमतें बढ़ती हैं तो आपको सिलेंडर के लिए ज्यादा पैसे खर्च करने होंगे और अगर घटती हैं तो राहत मिलेगी।
हवाई ईंधन के साथ CNG-PNG के दामों में बदलाव संभव
इसके अलावा अगला बदलाव एयर टरबाइन फ्यूल और सीएनजी और पीएनजी की कीमतों में देखने को मिल सकता है। तेल कंपनियां हर महीने की पहली तारीख को एयर टरबाइन फ्यूल यानी कि एटीएफ सीएनजी और पीएनजी की कीमतों में संशोधन करती हैं। एटीएफ यानी कि हवाई ईधन की कीमतों में बदलाव का असर फ्लाइट टिकट पर पड़ सकता है। सीएनजी और पीएनजी पाइप नेचुरल गैस के दाम बढ़ने या घटने से गाड़ियों और घरेलू उपभोक्ताओं की जेब पर असर पड़ेगा।
इंश्योरेंस प्रीमियम पेमेंट में बदलाव संभव
अगला और महत्त्वपूर्ण बदलाव इंश्योरेंस प्रीमियम पेमेंट में आ सकता है। अगर आप लाइफ या हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी धारक हैं तो यह बदलाव आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। 1 मार्च 2025 से यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस यूपीआई में बीमा एसबी नामक नई सुविधा जोड़ी जा रही है। अब पॉलिसी होल्डर अपने बीमा प्रीमियम के लिए पहले से ही पैसा ब्लॉक कर सकेंगे जब प्रीमियम भुगतान की तारीख आएगी तो आपके अप्रूवल के बाद ही राशि अपने खाते से कट जाएगी।
सेबी के नए नियम
यह बदलाव इंश्योरेंस भुगतान में देरी और पॉलिसी लैप्स होने के खतरे को कम करेगा। अगर आपके पास म्यूचुअल फंड फोलियो या डीमेट अकाउंट है तो यह बदलाव आपके लिए अहम हो सकता है। 1 मार्च 2025 से सेबी के नए नियम लागू होंगे। अब कोई भी निवेशक अपने डीमेट या म्यूचुअल फंड खाते में अधिकतम 10 नॉमिनी जोड़ सकता है। इससे अनक्लेमड दावे की संपत्तियां घटेंगी और इन्वेस्टमेंट का बेहतर मैनेजमेंट होगा। नॉमिनी जोड़ने के लिए जरूरी जानकारी नॉमिनी का फोन नंबर ईमेल पता आधार नंबर पैन नंबर ड्राइविंग लाइसेंस नंबर आदि लेना अनिवार्य होगा। यदि कोई निवेशक नॉमिनी नहीं जोड़ता है तो भविष्य में उसके फंड क्लेम करने में दिक्कत हो सकती है सेबी की इस नई गाइडलाइन का उद्देश्य निवेशकों के पैसों की सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ाना है।
5. टैक्स से जुड़े बदलाव
1 मार्च से टैक्स से जुड़े कई बदलाव हो सकते हैं. टैक्स स्लैब और टीडीएस की सीमा में बदलाव किया जाएगा ताकि करदाताओं को राहत दी जा सके. सीनियर सिटीजन के लिए टीडीएस की लिमिट को 50, 000 रुपये से बढ़कर 1 लाख रुपये किया जाएगा।
यूपीआई पेमेंट से जुड़े नियम में बदलाव
बीमा प्रीमियम के भुगतान को और आसान बनाने के लिए यूपीआई से जुड़े नियमों में थोड़ा बदलाव हो सकता है. बीमा-ASB को यूपीआई सिस्टम से जोड़ने की तैयारी है।
एडवांस रिजर्वेशन पीरियड में बदलाव
- अब टिकट बुकिंग की अवधि 120 दिनों से घटाकर 60 दिन कर दी गई है.
- इस अवधि को घटाने से यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना बनाने में आसानी होगी.
- वेटिंग लिस्ट की समस्या कम होगी.
- “नो-शो” यात्रियों की संख्या घटेगी, जिससे सीटों का सही आवंटन होगा.
वेटिंग टिकट पर नया नियम
- अब वेटिंग टिकट केवल जनरल कोच में ही मान्य होगा. रिजर्वेशन कोच में वेटिंग टिकट वालों को यात्रा की अनुमति नहीं होगी.
- अगर कोई वेटिंग टिकट के साथ एसी या स्लीपर कोच में यात्रा करता है, तो उसे जुर्माना भरना होगा.
- एसी कोच में सफर करने पर 440 रुपये तक के जुर्माने के साथ अगले स्टेशन तक का किराया देना होगा.
- स्लीपर कोच में सफर करने पर 250 तक के जुर्माने के साथ अगले स्टेशन तक का किराया लगेगा.
तत्काल टिकट बुकिंग के नए नियम
- रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग प्रक्रिया को भी बदला है.
- एसी क्लास के टिकटों की बुकिंग सुबह 10 बजे से बुकिंग शुरू होगी.
- नॉन एसी क्लास के टिकटों की बुकिंग सुबह 11 बजे से बुकिंग शुरू होगी.
- टिकट बुकिंग की टाइमिंग में बदलाव से अंतिम समय पर यात्रा की योजना बनाने वालों को सुविधा मिलेगी.
- कन्फर्म टिकट मिलने की संभावना बढ़ेगी.
रिफंड पॉलिसी में बड़ा बदलाव
- अब यात्रियों को रिफंड केवल विशेष परिस्थितियों में ही मिलेगा. इसमें ट्रेन रद्द होने पर या ट्रेन 3 घंटे से अधिक देरी से चले, तो पैसे रिफंड होंगे. इस बदलाव से यात्रियों की असुविधा कम होगी और टिकट ब्लॉक करने की आदत पर रोक लगेगी।
एआई तकनीक से मिलेगी सीट
भारतीय रेलवे अब एआई तकनीक का इस्तेमाल कर सीटों का आवंटन करेगा. इससे यात्रियों का सफर बेहतर होगा और बुकिंग प्रक्रिया तेज होगी।
















