टी20 विश्व कप में सबसे ज्यादा रन बनाने की बात करें तो पहले नंबर पर विराट और दूसरे नंबर पर रोहित शर्मा हैं। अब दोनों ने ही टी20 अंतरराष्ट्रीय को अलविदा कह दिया है। इसी के साथ टी20 क्रिकेट में भारत के एक युग का अंत हो गया है…
नईदिल्ली (ए)। भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने भी टी20 अंतरराष्ट्रीय से संन्यास ले लिया है। उन्होंने विराट कोहली के संन्यास लेने के कुछ देर बाद ही टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया है। संन्यास का एलान करते हुए रोहित ने कहा कि इससे बेहतर समय कुछ और नहीं हो सकता। उन्होंने कहा- मैं इस ट्रॉफी और टी20 विश्व कप जीतने के लिए बेताब था। मैं इसे जीतना चाहता था और अब ऐसा हो गया है। खुश हूं कि इस बार हम कामयाब रहे हैं। रोहित ने कहा कि वह टेस्ट और वनडे प्रारूपों में भारत के लिए खेलते रहेंगे, लेकिन वह सबसे छोटे फॉर्मेट से पीछे हट रहे हैं। रोहित ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भारत के ऐतिहासिक दूसरे टी20 विश्व कप खिताब का जश्न मनाते हुए कहा, ‘अलविदा कहने का इससे बेहतर समय नहीं हो सकता।’
यह निर्णय रोहित के T20I करियर के लिए एक उपयुक्त अंत का प्रतीक है, क्योंकि उन्होंने इसे 2007 में टी20 विश्व कप जीत के साथ शुरू किया था और टी20 विश्व कप जीतने के साथ ही इसका अंत किया। इन 17 वर्षों में रोहित एक बल्लेबाज के रूप में अभूतपूर्व ऊंचाइयों तक पहुंचे। उन्होंने 159 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 32.05 की औसत से 4231 रन बनाए। इस प्रारूप में उनके पांच शतक किसी भी भारतीय बल्लेबाज द्वारा सर्वाधिक हैं। इसके अलावा उनके नाम 32 अर्धशतक भी हैं। हालांकि, वह आईपीएल खेलते रहेंगे और वनडे-टेस्ट में टीम इंडिया की कप्तानी करते रहेंगे।
रोहित ने कहा- यह मेरा आखिरी मैच भी था। जब से मैंने इस प्रारूप को खेलना शुरू किया है तब से मैंने इसका आनंद लिया है। मुझे इसका हर पल पसंद आया है। मैं यही चाहता था। मैं कप जीतना चाहता था।’ हिटमैन के इस बयान के बाद मीडिया ने भी तालियों से उन्हें बधाई दी और उनका हौसला बढ़ाया।
37 वर्षीय रोहित ने 2022 टी20 विश्व कप में भी भारत का नेतृत्व किया था, जहां टीम सेमीफाइनल में इंग्लैंड से हार गई थी। एक साल बाद उनके नेतृत्व में भारत अपने घर पर 50 ओवर के विश्व कप के फाइनल में पहुंचा, लेकिन अहमदाबाद में फाइनल मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के सामने हार गई।
वही भारतीय टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मिली खिताबी जीत के बाद बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि यह उनका आखिरी टी20 विश्व कप है और वह युवा खिलाड़ियों को मौका देना चाहते हैं। कोहली ने इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय टी20 को अलविदा कह दिया है, लेकिन वह आईपीएल में खेलते रहेंगे। भारत ने रोमांचक फाइनल मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका को सात विकेट से हराकर दूसरी बार टी20 विश्व कप का खिताब जीता।
कोहली ने इस मैच में शानदार बल्लेबाजी करते हुए 59 गेंदों पर छह चौकों और दो छक्कों की मदद से 76 रनों की पारी खेली थी। कोहली को उनकी इस महत्वपूर्ण पारी की मदद से प्लेयर ऑफ द मैच का पुरस्कार दिया गया था। कोहली ने अवॉर्ड लेने के दौरान कहा, यह मेरा आखिरी टी20 विश्व कप था, हम यही हासिल करना चाहते थे। एक दिन आपको ऐसा महसूस होता है कि आप दौड़ नहीं सकते और ऐसा होता है, भगवान महान है। बस अवसर, अभी नहीं तो कभी नहीं जैसी स्थिति थी। भारत के लिए खेलते हुए यह मेरा आखिरी टी20 मैच था। हम उस कप को उठाना चाहते थे। हां, मैं एक घोषणा कर रहा हूं और यह एक खुला रहस्य है। ऐसा कुछ नहीं जिसकी मैं घोषणा नहीं करने वाला था, भले ही हम हार गए होते। यह अगली पीढ़ी के लिए टी20 खेल को आगे ले जाने का समय है। आईसीसी टूर्नामेंट जीतने का इंतजार करते हुए हमारे लिए यह एक लंबा इंतजार रहा है। आप रोहित जैसे खिलाड़ी को देखें, उसने नौ टी20 विश्व कप खेले हैं और यह मेरा छठा विश्व कप है। वह इस जीत के हकदार हैं।
टी20 विश्व कप में सबसे ज्यादा रन बनाने की बात करें तो पहले नंबर पर विराट और दूसरे नंबर पर रोहित शर्मा हैं। विराट ने टी20 विश्व कप में 35 मैचों में 58.72 के औसत और 128.81 के स्ट्राइक रेट से 1292 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने 15 अर्धशतक लगाए। नाबाद 89 रन टी20 विश्व कप में उनकी सर्वश्रेष्ठ पारी है। वहीं, रोहित ने टी20 विश्व कप के 47 मैचों में 34.85 की औसत और 133.04 के स्ट्राइक रेट से 1220 रन बनाए। इनमें 12 अर्धशतक शामिल हैं। 92 रन उनकी सर्वश्रेष्ठ पारी है। विराट ने टी20 विश्व कप में 111 चौके और 35 छक्के लगाए हैं, जबकि रोहित ने टी20 विश्व कप में 115 चौके और 50 छक्के जड़े हैं। रोहित 2007 से अब तक हर टी20 विश्व कप खेलने वाले भारत के एकमात्र खिलाड़ी हैं।
विराट कोहली ने 12 जून 2010 को जिंबाब्वे के खिलाफ टी20 में भारतीय टीम के लिए डेब्यू किया था। कोहली ने भारतीय टीम के लिए अपने करियर में कुल 125 मुकाबले खेले और 137.04 की स्ट्राइक रेट से 4188 रन बनाए। कोहली ने अपना टी20 करियर खेल के सबसे छोटे प्रारूप में सर्वाधिक रन बनाने वाले दूसरे बल्लेबाज के रूप में समाप्त किया। कोहली का टी20 में सर्वाधिक निजी स्कोर नाबाद 122 रन रहा। इस दौरान उनके बल्ले से एक शतक और 39 अर्धशतक लगाए। कोहली खेल के सबसे छोटे प्रारूप में सबसे ज्यादा 50 से अधिक रन बनाने के मामले में पाकिस्तान के कप्तान बाबर आजम की बराबरी पर पहुंच गए थे
















