केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने चंडीगढ़ में NCB के कार्यक्रम में हिस्सा लिया, इस दौरान उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ड्रग्स की तस्करी को लेकर काफी सख्त है…
चंडीगढ़ (ए)। केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार के दिन चंडीगढ़ में ‘नशीली दवाओं की तस्करी और राष्ट्रीय सुरक्षा’ पर नारकोटिक्स नियंत्रण ब्यूरो के एक सम्मेलन में हिस्सा लिया. वहीं नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने देश के चार शहरों में पकड़ी गई लगभग 31,000 किलोग्राम ड्रग्स को जला कर नष्ट कर दिया।
अमित शाह ने NCB के राष्ट्रीय कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नशीले पदार्थों की तस्करी को समाज के लिए खतरा बताया है. उनका कहना है कि 2014 में नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद से ही भारत सरकार ने ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति को अपनाया है और ड्रग्स के ख़िलाफ लड़ाई तेजी से जारी है।
ड्रग्स के खिलाफ सरकार सख्त गृह मंत्री अमित शाह ने बताया कि ड्रग्स की खिलाफ लगाम कसते हुए 2006-2013 की तुलना में 2014-2022 के बीच पिछले 8 साल में लगभग 200 प्रतिशत ज्यादा मामले दर्ज़ किए गए हैं, जिसमें तेजी से कार्रवाई करते हुए गिरफ्तारियों की संख्या में 260 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है. इस दौरान जब्त की गई ड्रग्स की मात्रा दोगुने से अधिक हुई है।
2014 से 2021 के बीच 20 हज़ार करोड़ रुपये के ड्रग्स नष्ट की गई उन्होंने बताया कि 2006 से 2013 के बीच 1.52 लाख किलोग्राम मादकपदार्थ ज़ब्त हुए थे जबकि 2014 से 2022 के बीच 3.3 लाख किलोग्राम ड्रग्स पकड़ी गई है. आंकड़ों के अनुसार 2006 से 2013 तक 768 करोड़ रुपये का ड्रग्स पकड़ी गईं, जबकि 2014 से 2021 के बीच 20 हज़ार करोड़ रुपये के ड्रग्स पकड़ कर उसे नष्ट करने का अभियान भारत सरकार चला रही है।
75 दिनों में एक लाख किलोग्राम ड्रग्स होगी नष्ट केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बताया कि जून से 15 अगस्त तक 75 दिनों तक केंद्र सरकार ड्रग्स नष्ट करने का अभियान चला रही है. जिसके तहत शनिवार को लगभग 31000 किलोग्राम ड्रग्स को चार शहरों में जलाया गया. उन्होंने बताया कि 15 अगस्त को 75 दिन के अभियान की समाप्ति पर इसकी मात्रा एक लाख किलोग्राम पहुंच जाएगी जिसका अनुमानित काला बाज़ार में कीमत तक़रीबन 3000 करोड़ रुपये होगी।















