9 जनवरी 2023 को अर्जित शाश्वत चौबे ने भागलपुर के सजौर थाने में आवेदन दिया था. नकली कस्टम इंस्पेक्टर बने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ ठगी का मामला दर्ज कराया था…
भागलपुर (ए)। केंद्रीय राज्यमंत्री अश्विनी कुमार चौबे के बेटे अर्जित शाश्वत चौबे से ऑक्शन की गाड़ी दिलाने के बदले में आठ लाख 29 हजार 200 रुपये की ठगी हुई थी. इस मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. अंतरराज्यीय गिरोह के ठग बमबम सिंह के साथ उसके दो सहयोगी सुरेश प्रमाणिक और निर्मल मंडल को शुक्रवार 5 मई को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
नौ जनवरी 2023 को अर्जित शाश्वत चौबे ने भागलपुर के सजौर थाने में लिखित आवेदन दिया था. नकली कस्टम इंस्पेक्टर बने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ ठगी का मामला दर्ज कराया था. साफ तौर पर लिखा था ऑक्शन की गाड़ी उपलब्ध कराने के लिए ठग गिरोह ने 8,29,200 रुपयों का चूना लगाया है. इस मामले में कस्टम इंस्पेक्टर राहुल और अन्य चार व्यक्तियों के विरुद्ध केस भी दर्ज कराया गया था।
मुंगेर का है मास्टरमाइंड बमबम सिंह: वरीय पुलिस अधीक्षक आनंद कुमार के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक नगर के तहत पुलिस उपाधीक्षक विधि व्यवस्था डॉ. गौरव कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था. इस मामले में शुक्रवार को मास्टरमाइंड बमबम सिंह को गिरफ्तार किया गया जो मुंगेर का रहने वाला है. इसके साथ ही उसके दो सहयोगी सुरेश प्रमाणिक और निर्मल मंडल को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
ठग ने अपना नाम राहुल कुमार बताया था. जब अर्जित शाश्वत चौबे ने अपने पैसे मांगे थे तो उसने मोबाइल पर जमकर गाली-गलौज भी की थी. यह जानकारी सिटी एसपी अमित रंजन ने दी. उन्होंने यह भी बताया कि बमबम सिंह के द्वारा और कई जनप्रतिनिधियों से ठगी करने का मामला भी प्रकाश में आया है. इसका आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।









