रिसर्च में हिस्सा लेने वाले जिन भी लोगों ने कम पानी पिया था, वे ज्यादा पानी पीने वालों के मुकाबले प्यासे होने का अनुभव नहीं कर रहे थे। हालांकि, उनका शरीर कुछ और ही कह रहा था। उनकी यूरिन का गाढ़ापन उनके शरीर में कम पानी का इशारा कर रहा था…
नईदिल्ली (ए)। दुनियाभर में ज्यादा से ज्यादा पानी पीने के फायदे बताए जाते रहे हैं। उल्टी तरह से कहें तो कम पानी पीने के कई नुकसान बताए जाते रहे हैं। खासकर किडनी और लिवर के स्वास्थ्य के लिए पानी पीना बेहद जरूरी कहा जाता रहा है। हालांकि, तनाव कम करने में भी पानी बेहद जरूरी है। यह सामने आया है एक हालिया रिसर्च में। इसमें बताया गया है कि हर दिन एक व्यक्ति के लिए कम से कम कितना पानी पीना जरूरी है और अगर शरीर की यह जरूरत पूरी नहीं होती तो तनाव किस तरह बढ़ सकता है।
जर्नल ऑफ एप्लायड फिजियोलॉजी में छपी एक हालिया स्टडी में सामने आया है कि जो लोग एक दिन में 1.5 लीटर से कम पानी पीते हैं, तनाव से जुड़ी स्थितियों में उनके शरीर में कॉर्टिसोल नाम के हार्मोन की मात्रा बढ़ जाती है। यह शरीर में तनाव पैदा करने वाला प्रमुख हार्मोन है। रिसर्च के मुताबिक, शरीर में थोड़ा भी डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) आम व्यक्ति में तनाव वाले भाव बढ़ा देता है और उसकी प्रतिक्रियाएं भी बदलने लगती हैं।
















