भारतीय टीम तीसरी बार वनडे विश्व कप के फाइनल में पहुंची थी। 2005 में बेटियों के चैंपियन बनने का सपना ऑस्ट्रेलिया ने और 2017 में इंग्लैंड ने तोड़ दिया था। लेकिन इस बार बेटियों ने हार नहीं मानी और दक्षिण अफ्रीका से अंत तक लड़ते हुए न सिर्फ मुकाबला जीता बल्कि खिताब भी अपने नाम कर लिया…
मुंबई (ए)। भारत की महिला टीम इतिहास रच दिया है। टीम इंडिया ने महिला वनडे विश्व कप 2025 के फाइनल में द. अफ्रीका को 52 रन से हरा दिया। पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 50 ओवर में सात विकेट पर 298 रन बनाए थे। जवाब में दक्षिण अफ्रीका की टीम 246 रन पर सिमट गई। दीप्ति शर्मा ने पांच विकेट लेकर मैच पलट दिया। दक्षिण अफ्रीका की कप्तान एल वोल्वार्ट की 101 रन की पारी बेकार गई। 52 साल के महिला वनडे विश्व कप के इतिहास में यह भारत का पहला वनडे विश्व कप का खिताब है। पहला महिला वनडे विश्व कप 1973 में खेला गया था।
299 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ्रीका की टीम ने नियमित अंतराल पर विकेट गंवाए। कप्तान एल वोल्वार्ट के अलावा कोई अफ्रीकी बल्लेबाज मैदान पर नहीं टिक सका। वोल्वार्ट ने 98 गेंद में 11 चौके और एक छक्के की मदद से 101 रन की पारी खेली। वहीं, ताजमिन ब्रिट्स 23 रन और सुने लूस 25 रन बना सकीं। बॉश खाता नहीं खोल सकीं। मारिजाने कैप चार रन और क्लो ट्रायोन नौ रन बनाकर आउट हुईं।
सिनालो जाफ्ता ने 16 रन की पारी खेली। आखिर में डर्कसेन ने जरूर 35 रन बनाए, जबकि डी क्लर्क ने 18 रन बनाए, लेकिन यह काफी नहीं था। शेफाली वर्मा ने बल्लेबाजी के बाद गेंदबाजी में भी कमाल दिखाया। उन्होंने दो विकेट झटके और प्लेयर ऑफ द मैच रहीं। इसके अलावा श्री चरणी ने एक विकेट लिया और कसी हुई गेंदबाजी की। दक्षिण अफ्रीका की पारी 45.3 ओवर में 246 रन पर सिमट गई।

















