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ACB ने भारतमाला परियोजना में मुआवजा राशि घोटाले में 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार, डीएमएफ घोटाले में 14 जगह मारा छापा

रायपुर। एंटी करप्शन ब्यूरो में पंजीबद्ध अपराध क्रमाक-30/2025. घर-7 सी, 12 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 यथासंशोधित भ्र.नि (संशोधन) अधिनियम 2018 एवं धारा 409. 467. 468. 471, 420. 120बी भादवि में लोकसेवकगण, मुआवजा प्राप्त करने वाले व्यक्ति एवं अन्य व्यक्तियों के द्वारा आपराधिक षडयंत्र कर वर्ष 2020 से 2024 में भारतमाला परियोजना रायपुर विशाखापट्टनम प्रस्तावित इकॉनामिक कॉरीडोर के भू-अर्जन प्रकरण में शासन द्वारा अर्जित भूमि के पुनः शासन को विकय कर मुआवजा देने, बैंक डेट में बंटवार और नामांतरण करना, भूमि स्वामी के बदले केसी अन्य को मुआवजा देने एवं निजी भूमि के गलत मुआवजा तथा उसके टुकड़े कर उपखण्डों में विनाजित कर मुआवजा राशि हड़प कर शासन के साथ छल करते हुए धोखाधड़ी कर करोड़ों रूपये की अर्धिक हनि कारित करने के आरोप में दिनेश पटेल (तत्कालीन पटवारी नायकबांधा), लेखराम देवांगन (तत्कालीन पटवारी टोकरो) एवं बसंती घृतलहरे (तत्कालीन पटवारी भेलवाडीह) द्वारा लोकसेवक पद पर रहते हुए पद का दुरूपयोग कर भूमाफियों / प्राइवेट व्यक्तियों से षडयंत्र कर भारतमाला परियोजना में प्रभावित होने वाली भूमि के भूनि स्वामियों का बैंक डेट में खाता विभाजन (बंटवर) एवं नामांतरण का कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के आरोप में आज दिनांक 29.10.2025 को गिरफ्तार कर माननीय विशेष न्यायालय (भ्र.निअ.), रायपुर में पेश कर अग्रिम कार्यवाही की जा रही है।

इन आरोपियों एवं अन्य फरार चल रहे लोकसेवकों के विरूद्ध पूर्व में माननीय न्यायालय द्वारा वारंट जारी कर उद्घोषणा कराया जकर कुर्की की कार्यवाही की जानी थी। इसी बीच माननीय उच्च न्यायालय के द्वारा इनकी गैरफ्तारी में रोक लगायी गयी थी, जो कल दिनांक 28.10.2025 को माननीय उच्च न्यायालय द्वारा गिरफ्तारी से रोक हटाने जाने के पश्चात् इन्हें गिरफ्तार किया गया है।

प्रकरण के अन्य आरोपी, जो अभी भी फरार हैं, की पता तलाश कर गिरफ्तारी की जानी है। पूर्व में दिनांक 13 अक्टूबर 2025 को 10 आरोपियों, जिनमें 02 तोकरोवक हैं, के विरूद्ध प्रथम अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया है।

ईओडब्ल्यू द्वारा डी.एम.एफ. घोटाले में 14 स्थानों में फर्मों एवं उनके संचालकों के परिसरों में छापेमार कार्यवाही

डी.एम.एफ. मामले में ब्यूरो के अपराध क्रमांक 02/2024, धारा-7, एवं 12, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 संशोधित अधिनियम 2018 एवं 420, 120बी, 467, 468, 471 भा.द.वि. की विवेचना के तारतम्य में आज दिनांक 29.10.2025 को, राज्य के विभिन्न जिलों में सक्रिय रहे फर्मों/ संचालकों के परिसरों-रायपुर में 06, दुर्ग-भिलाई में 02, राजनांदगांव में 05, धमतरी में 01, इस प्रकार कुल 14 विभिन्न स्थानों पर छापे की कार्यवाही कर तलाशी ली गई। तलाशी पर डिजिटल साक्ष्य, बैंक स्टेटमेन्ट्स, चल-अचल संपत्ति संबंधी दस्तावेज के अलावा अनेक अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज भी बरामद हुए हैं, जिनका परीक्षण किया जा रहा है।

इन दस्तावेजों में डी.एम.एफ. से संभवतः राज्य के विभिन्न जिलों के लोकसेवकों को कमीशन देकर कार्यादेश प्राप्त करना, फर्जी बिलिंग, वाउचर्स, जीएसटी रिटर्न्स आदि से संबंधी दस्तावेज शामिल हैं। प्राप्त महत्वपूर्ण साक्ष्य संकलित एवं अवलोकन कर अग्रिम विवेचना जारी है।

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