BREAKING

दुर्ग-भिलाईफीचर्ड

चैतन्य बघेल की गिरफ्तारी के विरोध में कांग्रेसियों ने सिरसा गेट चौक पर फूंका ईडी का पुतला

भिलाई 03। शनिवार को सिरसा गेट चौक पर भिलाई-चरोदा कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) का पुतला दहन किया गया। इस द्वारा कांग्रेसियों ने केंद्र सरकार, राज्य सरकार और ईडी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पुतला दहन के पहले कांग्रेसियों ने भिलाई चरोदा निगम के पास से सिरसा गेट चौक तक पैदल मार्च किया।

महापौर निर्मल कोसरे ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह के इशारे में जिस प्रकार से ईडी के द्वारा लगातार विपक्षियों को बदनाम करने की साजिश के तहत कर रही है उसके विरोध में हमलोगों ने आज ईडी का पुतला दहन किया है। हम जांच के लिए तैयार है लेकिन इस तरह से बदले की भावना से जन्मदिन के दिन को भी नहीं छोड़े। हमलोग लगातार जांच के लिए सहयोग कर रहे है, जब जब चैतन्य बघेल को बुलाया गया तब तब गए है। लेकिन बदले की भावना से जिस तरह रावण का दुस्साहस चल रहा था वैसे ही भारतीय जनता पार्टी का दुस्साहस चल रहा है।

भिलाई चरोदा निगम सभापति कृष्णा चंद्राकर ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र को ईडी से अरेस्ट किया है, इसके पहले भी ईडी दो बार छापा मार चुकी है, जानबूझकर ये लोग कांग्रेस के नेताओं को टारगेट कर रहे है। ईडी, सीबीआई का दुरुपयोग किया जा रहा है, भूपेश बघेल का वर्चस्व इतना बढ़ गया है कि ये लोग घबराने लग गए है।

प्रदेश सचिव छग युवा कांग्रेस नजरुल इस्लाम ने कहा कि ईडी की कारवाही का मै घोर निंदा करता हूं, ईडी का इतना दुरुपयोग किया जा रहा है कि अब तो ईडी के नाम से चीड़ मच गई है। ईडी के नाम को अच्छे लोग जानते थे कि अब उसके नाम इतना बदनाम हो गया है कि अब उससे घृणा होती है।

सुजीत बघेल ने कहा कि केंद्र सरकार के अहंकार के खिलाफ आज पुतला दहन किया गया है। आज लोकतंत्र को जैसे डैमेज किया जा रहा है गुजरात के बैठे लोगों के द्वारा, पूंजीवाद को जैसे संरक्षण दिया जा रहा है, हसदेव जंगल को कटना, कोरबा में जंगल कटना, बस्तर में नक्सल वाद को सफाया करने के नाम पर 40 हजार लोग बस्तर छोड़कर चले गए, गांव के गांव लोग भाग गए है। गांव बहुत दहशत है। सिर्फ एक आदमी अडानी के लिए पूरा बस्तर उजाड़ा का रहा है। नक्सलवाद के खात्मे का हम स्वागत करते है लेकिन उसके आड़ में आदिवासियों को मारा जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री के पुत्र को टारगेट करना गलत है हम इसकी आलोचना करते है।

ज्ञात हो कि शुक्रवार 18 जुलाई पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र चैतन्य बघेल (बिट्टू) का जन्मदिन था और उसी दिन सुबह ईडी ने पूर्व मुख्यमंत्री के घर छापा मारा और उनके पुत्र चैतन्य बघेल को शराब घोटाले के आरोप में पहले गिरफ्तार कर रायपुर ले गई। जहां विशेष न्यायालय में पेश किया। न्यायालय ने पांच दिन लिए ईडी के रिमांड पर भेज दिया है।

पुतला दहन के दौरान महापौर निर्मल कोसरे, सभापति कृष्णा चंद्राकर, ब्लॉक अध्यक्ष मनोज मढ़रिया, सुजीत बघेल, नजरुल इस्लाम बहल राम साहू, संतोषी विनोद निषाद, दीप्ति आशीष वर्मा, मनोज डहरिया, संतोष तिवारी, हेमंत वर्मा, शारदा लावेश मदनकर, देवकुमारी भल्लावी, डे साहब वर्मा, अभिषेक वर्मा, मनीष वर्मा, तेनेंद्र ठाकरे, एस वेंकट रमना, मोहन साहू, एम जॉनी, राम सूर्यवंशी, सुषमा चंद्राकर के अलावा कुमुद मढ़रिया, लक्ष्मी बंछोर, मंजू साहू, आनंद टेंभुरकर, विनोद प्रसाद, मोहम्मद आमिर जुनैद, डॉ नौशाद सिद्दीकी सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे।

 

 

 

 

Related Posts