भिलाई। आज दिनाक 21.09.2024 को केन्द्रीय औधोगिक सुरक्षा बल, क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र, उतई, भिलाई में 329 देच आरक्षक / चालक के बुनियादी कोर्स का दीक्षान्त परेड समारोह संपन्न हुआ। जिसमें 251 बल सदस्यों ने हिस्सा लिया। इस दीक्षान्त परेड समारोह परेड का नेतृत्व आरक्षक / चालक राहुल कुमार के द्वारा किया गया।
इस समारोह के मुख्य अतिथि संजय प्रकाश, महानिरीक्षक सीआईएसएफ मध्य खंड भिलाई ने परेड की सलामी ली। केऔसुब आर.टी.सी मिलाई के उपमहानिरीक्षक डॉ. अनिल पांडेय, प्राचार्य सीआईएसएफ आरटीसी भिलाई ने मुख्य अतिथि महोदय सहित सभी अतिथियो का स्वागत किया ।
इस अवसर पर उपमहानिरीक्षक डॉ.आलोक पांडेय, प्राचार्य सीआईएसएफ आरटीसी भिलाई ने अपने स्वागत भाषण व कोर्स रिपोर्ट के माध्यम से अवगत कराया कि 251 प्रशिक्षणाथियो के इस बैच में विभिन्न राज्यों के प्रशिक्षणार्थी शामिल हुए।
जिन्हें 26 सप्ताह का कठिन प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षार्थियो का औद्योगिक एवं आंतरिक सुरक्षा के अतिरिक्त विभिन्न विषयों जैसे मेजर एक्ट, माइनर एक्ट, मानव अधिकार फील्ड क्राफ्ट, यूएसी तथा विभिन्न आधुनिक हथियारों का गहन प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
दीक्षान्त परेड समारोह के मुख्य अतिथि संजय प्रकाश, महानिरीक्षक सीआईएसएफ मध्य खंड भिलाई ने अपने उद्बोधन में प्रशिक्षणार्थियों को राष्ट्र की बदलती परिस्थितियों व जरूरतों के अनुसार स्वंय को तैयार रखने का आह्वान किया।
साथ ही साथ अपना कर्तव्य पूरी ईमानदारी, निष्पक्षता एवं लगन के साथ निष्पादित करने का संदेश दिया । मुख्य अतिथि ने सीआईएसएफ जैसे अति विशिष्ट बल के माध्यम से राष्ट्र सेवा का अवसर प्राप्त करने के लिए सभी पशिक्षणार्थियो को बधाई देते हुए उन्हे उनके भविष्य की सफलता की शुभेच्छा व्यक्त किया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि द्वारा प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रशिक्षणार्थियों को ट्राफी व प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
दीक्षान्त परेड समारोह के दौरान प्रशिक्षणार्थियों द्वारा प्राप्त किये प्रशिक्षण को विभिन्न डेमो के माध्यम से अतिथियों के समक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। इन डेमो में शारिरिक सौष्ठव व क्षमता से जुडा मलखम डेमो, पारकर डेमो तथा योग प्रशिक्षण व सामूहिक समायोजन को प्रदर्शित करने वाले डेमोज प्रस्तुत किये गये। सभी अतिथियो ने प्रशिक्षणार्थियों को डेमो के दौरान कौशल प्रदर्शन की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
















