पीएम मोदी 21 जून को सुबह करीब 6:30 बजे श्रीनगर के एसकेआईसीसी में 10वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह में भाग लेंगे, इस अवसर पर वे उपस्थित लोगों को संबोधित करेंगे और उसके बाद योग सत्र में भाग लेंगे…
नईदिल्ली (ए)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज शाम कश्मीर पहुंच रहे हैं। शुक्रवार (21 जून ) को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर प्रधानमंत्री श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (एसकेआईसीसी) में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां से योग दिवस पर पीएम देश और दुनिया को अपना संदेश देंगे। जम्मू कश्मीर प्रशासन की तरफ से उनके स्वागत के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के श्रीनगर दौरे के मद्देनजर जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। अधिकारियों ने बताया कि पीएम के कार्यक्रम के लिए बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई है। सुरक्षा एजेंसियों ने श्रीनगर की हाई प्रोफाइल यात्रा के मद्देनजर सभी महत्वपूर्ण सड़कों और चौक-चौराहों पर अतिरिक्त नाके स्थापित कर दिए हैं।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है कि पीएम मोदी 20 और 21 जून, 2024 को जम्मू और कश्मीर का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी 20 जून को शाम करीब 6 बजे श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस सेंटर (एसकेआईसीसी) में ‘युवाओं को सशक्त बनाना, जम्मू-कश्मीर में बदलाव’ कार्यक्रम में भाग लेंगे।प्रधानमंत्री मोदी जम्मू-कश्मीर में कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और आधारशिला रखेंगे। वह कृषि और संबद्ध क्षेत्रों में प्रतिस्पर्धात्मकता सुधार परियोजना (जेकेसीआईपी) का भी शुभारंभ करेंगे।
पीएम मोदी 21 जून को सुबह करीब 6:30 बजे श्रीनगर के एसकेआईसीसी में 10वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह में भाग लेंगे। इस अवसर पर वे उपस्थित लोगों को संबोधित करेंगे और उसके बाद योग सत्र में भाग लेंगे। इस वर्ष का योग दिवस कार्यक्रम युवा मन और शरीर पर योग के गहन प्रभाव को रेखांकित करता है। इस समारोह का उद्देश्य योग के अभ्यास में हजारों लोगों को एकजुट करना और वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती को बढ़ावा देना है।
2015 से, प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली, चंडीगढ़, देहरादून, रांची, लखनऊ, मैसूर और यहां तक कि न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में कर्त्तव्य पथ सहित विभिन्न प्रतिष्ठित स्थानों पर अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) समारोहों का नेतृत्व किया है। इस वर्ष की थीम “स्वयं और समाज के लिए योग” व्यक्तिगत और सामाजिक कल्याण को बढ़ावा देने में दोहरी भूमिका पर प्रकाश डालती है। यह कार्यक्रम जमीनी स्तर पर भागीदारी और ग्रामीण क्षेत्रों में योग के प्रसार को प्रोत्साहित करेगा।
















