पेमा खांडू ने गुरुवार को तीसरी बार अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। पेमा इस विधानसभा चुनाव में निर्विरोध चुने गए थे। खांडू 2016 में पहली बार अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे। उनके पिता स्वर्गीय दोरजी खांडू भी मुख्यमंत्री थे…
ईटानगर (ए)। अरुणाचल प्रदेश में आज नई सरकार का गठन हो गया है। पेमा खांडू ने राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। वहीं भाजपा के वरिष्ठ नेता चाउना मीन उपमुख्यमंत्री बनाए गए हैं। गुरुवार को कुल 11 विधायकों को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई है। देश में लोकसभा चुनावों के साथ चार राज्यों में विधानसभा के चुनाव भी हुए थे। 60 सदस्यीय अरुणाचल प्रदेश विधानसभा के लिए 19 अप्रैल को मतदान कराया गया था। 4 जून को विधानसभा चुनाव के नतीजे आए जिसमें भाजपा ने 46 सीटें जीतीं। हालांकि, मतगणना से पहले ही 10 सीटों पर भाजपा के उम्मीदवार निर्विरोध चुन लिए गए थे। निर्विरोध चुने जाने वालों में राज्य के मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री भी शामिल थे। नतीजों के बाद अब नई सरकार का शपथग्रहण हुआ है और पेमा खांडू ने एक बार फिर राज्य की कमान संभाल ली है।
पेमा खांडू ने तीसरी बार अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। पेमा खांडू इस विधानसभा चुनाव में मुक्तो सीट से निर्विरोध चुने गए थे। विधायक के रूप में यह खांडू का चौथा कार्यकाल है, जिसमें उन्होंने तीन बार निर्विरोध जीत हासिल की। उन्होंने तवांग जिले के मुक्तो निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ा था।
पेमा खांडू जुलाई 2016 से अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री हैं। उनके पिता स्वर्गीय दोरजी खांडू भी अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। पेमा ने 2000 में दिल्ली विश्वविद्यालय के हिंदू कॉलेज से बीए (इतिहास ऑनर्स) किया था।
2011 में एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में अपने पिता दोरजी खांडू की दुखद मृत्यु के बाद पेमा खांडू राजनीति में काफी सक्रिय हो गए। इसके बाद उन्होंने मुक्तो सीट से निर्विरोध चुनाव जीता। पेमा खांडू 2011 में जार्बोम गैमलिन सरकार में कैबिनेट मंत्री बने। इसके बाद में 2014 में उन्हें नबाम तुकी सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में शामिल किया गया।
पेमा पहली बार 2016 में नबाम तुकी के बाद मुख्यमंत्री बने थे। उसी साल उन्होंने कांग्रेस विधायकों के एक समूह का नेतृत्व करते हुए पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल (पीपीए) में शामिल हो गए। इस घटनाक्रम से बाद वह पीपीए से मुख्यमंत्री बन गए। दिसंबर 2016 में खांडू और उनका समूह भाजपा में शामिल हो गया।
















