ओडिशा में भाजपा को लोकसभा और विधानसभा सीटों में फायदा हुआ है। भाजपा ने विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है…
नईदिल्ली (ए)। लोकसभा चुनाव 2024 के नतीजे आ चुके हैं। साथ ही ओडिशा विधानसभा चुनाव के नतीजे भी आ चुके हैं। राज्य में भाजपा ने सबसे अधिक सीटें जीती हैं। 78 सीटें जीत कर भाजपा ने बहुमत के आंकड़े को पार कर लिया है। ओडिशा में भाजपा पहली बार अपने दम पर पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएगी। सभी प्रमुख एग्जिट पोल में एनडीए को बढ़त दिखाई गई थी। वहीं, भाजपा ने लोकसभा की 21 में से 20 सीटें जीत ली है। वहीं, एक सीट कांग्रेस के खाते में गई हैं। यहां सत्तारूढ़ बीजद का खाता भी नहीं खुल सका है।
बीजेपी ने ओडिशा में पिछले 24 सालों से सत्ता पर काबिज नवीन पटनायक की बीजेडी को सत्ता से बेदखल कर सत्ता हासिल कर ली है. भारत के चुनाव आयोग के मुताबिक, 147 सदस्यीय ओडिशा विधानसभा में भाजपा ने 78 सीटें जीती हैं. बीजेडी ने 51 सीटें जीत हैं. मुख्यमंत्री और बीजद सुप्रीमो नवीन पटनायक हिंजिली विधानसभा सीट से जीते लेकिन कांताबंजी सीट से हार गए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को ओडिशा के लोगों को धन्यवाद दिया और उन्हें आश्वासन दिया कि उनकी पार्टी उनके सपनों को पूरा करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी।
2024 के ओडिशा विधानसभा चुनावों में बीजद की तरफ से नवीन पटनायक एक बार चुनावी मैदान में हैं तो दूसरी तरफ भाजपा ने बिना किसी क्षेत्रीय चेहरे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता के भरोसे यह चुनाव लड़ा। ओडिशा विधानसभा की 147 सीट और लोकसभा की 21 सीटों के लिए 13 मई से एक जून तक चार चरणों में मतदान हुआ और नतीजे आज आएंगे।
लोकसभा चुनाव के लिए इंडिया टूडे एक्सिस एग्जिट पोल का अनुमान था कि भाजपा को विधानसभा चुनाव में 62-80 सीटें मिल सकती हैं, जबकि बीजद को भी 62-80 सीटें मिलने का अनुमान है। वहीं, कांग्रेस के खाते में पांच से आठ सीटें जाने की संभावना है। बता दें कि ओडिशा विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 74 सीटों का है।
2019 के विधानसभा चुनावों में बीजद को 112 सीटें मिली थीं। जबकि भाजपा को 23 सीटें, कांग्रेस को नौ, सीपीआई एम को एक और एक सीट निर्दलीय के खाते में गई थी। इस चुनाव में बीजद को करीब 45 फीसदी वोट मिले थे। जबकि भाजपा को करीब 33 फीसदी वोट मिले थे। कांग्रेस के खाते में 16 फीसदी वोट और अन्य को 6 फीसदी वोट मिले थे।
यहां देखें जीत के आंकड़े
| पार्टी | जीत |
| भाजपा | 78 |
| बीजद | 51 |
| कांग्रेस | 14 |
| सीपीआईएम | 01 |
| आईएनडी | 03 |
















