पीएम नरेंद्र मोदी ने बुधवार को छत्तीसगढ़ का दौरा किया. बीते 70 दिन के भीतर पीएम मोदी का यह दूसरा छत्तीसगढ़ दौरा है जिसमें उन्होंने विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास किया है…
रायगढ़। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रायगढ़ जिले में गुरुवार को लगभग 6350 करोड़ रुपये की विभिन्न रेल परियोजनाओं राष्ट्र को समर्पित किया. इन परियोजनाओं में छत्तीसगढ़ पूर्व रेल परियोजना चरण-एक, चांपा से जमगा के बीच तीसरी रेल लाइन, पेंड्रा रोड से अनूपपुर के बीच तीसरी रेल लाइन और तलाईपल्ली कोयला खदान को एनटीपीसी लारा सुपर थर्मल पावर स्टेशन (एसटीपीएस) से जोड़ने वाली एमजीआर (मेरी-गो-राउंड) प्रणाली शामिल है।
रेल परियोजनाएं क्षेत्र में यात्रियों की आवाजाही के साथ-साथ माल ढुलाई को सुविधाजनक बनाकर सामाजिक-आर्थिक विकास को गति देंगी. उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ पूर्व रेल परियोजना चरण-1 के तहत खरसिया से धरमजयगढ़ तक 124.8 किलोमीटर की रेल लाइन शामिल है, जिसमें गारे-पेलमा के लिए एक छोटी लाइन और छाल, बरौद, दुर्गापुर और अन्य कोयला खदानें को जोड़ने वाली तीन फीडर लाइन शामिल हैं।
इन क्षेत्रों में पहुंचाया जाएगा कोयला लगभग 3,055 करोड़ रुपये की लागत से बनी यह रेल लाइन विद्युतीकृत ‘ब्रॉड गेज’ लेवल क्रॉसिंग और यात्री सुविधाओं के साथ ‘फ्री पार्ट डबल लाइन’ जैसी व्यवस्था से लैस है. यह छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में स्थित मांड-रायगढ़ कोयला क्षेत्रों से कोयला ढुलाई को आसान बनाएगी।
कोयला ट्रांसपोर्ट का साधन बनेगी रेल लाइन पेंड्रा रोड से अनूपपुर के बीच तीसरी रेल लाइन 50 किमी लंबी है और इसका निर्माण लगभग 516 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है. चांपा और जामगा रेलखंड के बीच 98 किलोमीटर लंबी तीसरी रेल लाइन का निर्माण करीब 796 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है. नई रेल लाइनों से क्षेत्र में कनेक्टिविटी में सुधार होगा और पर्यटन एवं रोजगार दोनों के अवसरों में वृद्धि होगी. उन्होंने बताया कि 65 किलोमीटर लंबी विद्युतीकृत एमजीआर (मेरी-गो-राउंड) प्रणाली की सहायता से तलाईपल्ली कोयला खदान से लारा सुपर थर्मल पावर स्टेशन तक कम लागत में उच्च श्रेणी का कोयला पहुंचाया जा सकेगा. पीएम मोदी ने कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ के नौ जिलों में 50 बिस्तरों वाले ‘क्रिटिकल केयर ब्लॉक’ का भी शिलान्यास किया।















