बलौदाबाजार। थाना पलारी में कल दिनांक 30.07.2020 के 11.00 बजे सूचककर्ता संतोष कुमार बघेल ग्राम रोहांसी ने एक अज्ञात पुरूष उम्र 22 वर्ष का शव संदिग्ध हालत में ग्राम रोहांसी के अमेठी रोड नर्सरी में पडा है जिस पर तत्काल मर्ग क्रमांक 55/2020 कायम कर जांच में लिया गया। जांच के दौरान पुलिस के पास सबसे बडी चुनौती अज्ञात शव की पहचान करना था। जिस पर प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक मिलिंद पाण्डेय, निरीक्षक सी0आर0 चन्द्रा, प्रआर 09 नवीन शुक्ला, प्रआर 85 गांधीराम बंजारे, आर0 378 पुरूषोत्तम साहू, आर0 513 गोवर्धन ध्रुव, आर0 138 अश्वनी चंदेल द्वारा तत्काल हरकत में आते हुये अज्ञात शव की पहचान हेतु अलग अलग टीम बनाकर ग्राम रोहांसी से लवन तक तथा रोहांसी से पलारी तक, रोहांसी ओडान, वटगन, खरतोरा संडी तक पतासाजी वास्ते मृतक का फोटो वाटसप से वायरल कर एवं लोगों को दिखाकर पहचान कराया जा रहा था तथा पूर्व में लगाये मुखबीरों को भी सक्रिय करते हुये पतासाजी कराया जा रहा था तथा पुलिस अधीक्षक द्वारा खरतोरा में नाकेबंदी टीम विगत एक सप्ताह से लगा है वहां के आरक्षक 378 पुरूषोत्तम साहू को भी फोटो देकर पतासाजी के निर्देशित किया गया था। जिसने रास्ते में आने जाने वालों को फोटो दिखा रहा था तभी मृतक के भाई बदला हुआ नाम (राकेश) ने फोटो देखकर मृतक को बदला हुआ नाम जगदीश थाना खरोरा क्षेत्र का होना पहचान किया गया, जिन्हें ग्राम रोहांसी घटना स्थल बुलाकर शव को दिखाने पर अपने भाई बदला हुआ नाम जगदीश ही होना बताया तथा मौका जांच शव पंचनामा के दौरान मृतक के गले में गला दबाने का स्पष्ट निशान दिखाई दे रहा था जिसे प्रथम दृष्या हत्या का मामला लग रहा था। शव पंचनामा बाद शव का पीएम कराया गया, तब डांक्टर साहब ने शार्ट पीएम रिपोर्ट में मृतक की मौत होमो साईडल हत्या होना बताये। जिसकी जानकारी पुलिस अधीक्षक इंदिरा कल्याण एलेसेला, अति0 पुलिस अधीक्षक निवेदिता पाल तथा उप पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ बघेल को बताकर प्रथम सूचना क्रमांक 290/2020 धारा 302 भादवि0 पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान मृतक के परिजनों के कथन में यह तथ्य सामने आया कि करीब 01 माह पहले मृतक बदला हुआ नाम जगदीश ने थाना खरोरा क्षेत्र के अपचारी बालक बदला हुआ नाम सोनू से एक सेकेण्ड हेंड मोबाईल रियलमी सी-02 को 2500/रूपये मृतक खरीदा था जिसमें से 1500/रूपये अपचारी बालक को दे चुका था तथा शेष 1000/रूपये को नहीं दिया था जिस पर अपचारी बालक सोनू अपने साथी अपचारी बालक मोनू के साथ मिलकर बार बार अपने पैसे मांगता था नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दिये थे। उसी को संदेह में लेते हूये त्वरित कार्यवाही करते हुये उप पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ बघेल, थाना प्रभारी पलारी प्रशिक्षु डी0एस0पी0 मिलिंद पाण्डेय, निरीक्षक सी0आर0 चन्द्रा, उनि0 चितराम ठाकुर, सउनि जगसहि ठाकुर, प्रआर 223 अंशुमान पाण्डेय, प्रआर 09 नवीन शुक्ला, प्रआर 85 गांधीराम बंजारे, आर0 378 पुरूषोत्तम साहू, आर0 513 गोवर्धन ध्रुव, आर0 138 अश्वनी चंदेल ने त्वरित कार्यवाही करते हुये अपचारी बालकों के निवास पर दबिश दिये जो घर से दोनों नदारत थे जिस पर पुलिस का संदेह पक्का हो गया और उनके रिश्तेदारों में दबिश देना शुरू किये जिस पर थाना पलारी क्षेत्र के एक गांव में दोनों अपचारी बालक सोनू और मोनू मिले एवं प्रारंभिक पुछताछ पर ही मोबाईल के पैसे नहीं देने की बात पर दिनांक 29.07.2020 के शाम 07 से 09.00 बजे बीच मृतक बदला हुआ नाम (जगदीश) की हत्या अपचारी बालक बदला हुआ नाम 1. सोनू और 2. मोनू ने गला घोटकर हत्या करने की बात बताये। जिनका स्वीकारोक्ती कथन लेकर मृतक के सायकल को खरतोरा से , घटना में प्रयुक्त अपचारी बालक मोनू का मोटर सायकल खोरसी से तथा विवादास्पद मृतक का मोबाईल छेरकाडीह से जप्त किया गया है। अपचारी बालकों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है।
अपचारी बालक का बदला हुआ नाम :- 1. सोनू 2. मोनू
अंधेकत्ल की गुत्थी सुलझाने में निम्नलिखित पुलिस अधिकारी/कर्मचारियों शामिल रहे :- उप पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ बघेल के , थाना प्रभारी पलारी प्रशिक्षु डी0एस0पी0 मिलिंद पाण्डेय, निरीक्षक सी0आर0 चन्द्रा, उनि0 चितराम ठाकुर, सउनि जगसहि ठाकुर, प्रआर 223 अंशुमान पाण्डेय, प्रआर 09 नवीन शुक्ला, प्रआर 85 गांधीराम बंजारे, आर0 378 पुरूषोत्तम साहू, आर0 513 गोवर्धन ध्रुव, आर0 138 अश्वनी चंदेल, आर दिनानाथ कश्यप, आरक्षक रंजित खलखो का विशेष योगदान रहा।









