कोरबा। पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल (भो.पु.से.) को सूचना मिल रही थी, शहर मे प्रतिबंधित नशीली दवाएं बेचने का गिरोह सकिय है। इनके द्वारा प्रतिबंधित नशीली दवाओं का बिक्रय छोटे बच्चों से लेकर बडे बुजुर्गो तक को किया जा रहा है।
जिससे समाज एवं शरीर पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। छोटे बच्चे से लेकर बडे बुजुर्ग तक नशीली दवा के चंगुल में फंसकर जीवन एवं स्वास्थ्य बरबाद कर रहे है।
पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल द्वारा उपरोक्त सूचना को गंभीरता से लेते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर को प्रतिबंधित नशीली दवाओं के बिक्री के कारोबार मे संलिप्त अपराधियों के विरूद्व कार्यवाही करने हेतु निर्देश दिया गया था।
पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के उपरोक्त निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर द्वारा स्वयं के निर्देशन, नगर पुलिस अधीक्षक योगेश साहू के पर्यवेक्षण मे थाना प्रभारी कोतवाली विवेक शर्मा के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया था। थाना प्रभारी कोतवाली विवेक शर्मा द्वारा चौकी प्रभारी सीएसईबी उप निरीक्षक आशीष सिंह एवं सायबर सेल प्रभारी उप निरीक्षक कृष्णा साहू को गोपनीय सूचना संकलन पर लगाया गया था।
दिनांक 30.07.2021 को विश्वस्त मुखबीर के माध्यम से सूचना मिला की आरोपीगण शेख नासीर पिता बसीर खान उग्र 35 वर्ष साकिन रामपुर आईटीआई एम-3 आगन बाड़ी केन्द्र के पास चौकी रामपुर, पंकज शर्मा पिता नवल शर्मा उम्र 36 वर्ष साकिन बैगीन डभरा चौकी रामपुर थाना कोतवाली, बाबूलाल साहू पिता मनहरण साहू उम्र 34 वर्ष साकिन ढोढीपारा भैंस खटाल चौकी सीएसईबी थाना कोतवाली के एक मोटर सायकल मे सवार होकर शहर मे घुम-घुम कर नशीली दवा का इंजेक्शन बेंच रहे है।
उपरोक्त सूचना पर तत्काल घेराबंदी कर आरोपीगण को हिरासत में लेकर तलाशी लेने पर Pentazocine नामक प्रतिबंधित दवा का इंजेक्शन कुल 55 नग,07 नग सिरिंज पाया गया। आरोपीगण के संयुक्त कब्जे से कुल 55 नग प्रतिबंधित दवा का इंजेक्शन, 07 नग सिरिंज, मोटर सायकल बजाज डिस्कवर सीजी 12 एएच 6916 एवं बिकी रकम 700 रूपए जप्त कर आरोपीगण को गिरफतार कर थाना कोतवाली कोरबा मे धारा 22 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना किया जा रहा है।
प्रतिबंधित इंजेक्शन के 01 सीसी का वास्तविक मूल्य मात्र 07 रू. है। जबकि आरोपीगण द्वारा 01 सीसी को 200 रू. मे बेचा जा रहा था। उपरोक्त कार्यवाही में चौकी प्रभारी सीएसईबी उप निरीक्षक आशीष सिंह सायबर सेल प्रभारी उप निरी, कृष्णा साहू, प्र.आर. विमलेश भगत, आर. गंगाराम डाण्डे, आर. योगेश राजपूत, आर.संजू श्रीवास, आर. श्याम सिदार एवं देव नारायण कुर्रे का महत्वपूर्ण भूमिका रहा।












